Gemstone according to planets|ग्रहों के रत्न धारण विधि-ourbhakti

Gemstone according to planets|नौ ग्रहों के रत्न को धारण करने की विधि 


 हर कोई रत्नGemstone धारण करके अपनी समस्या को खत्म करना चाहता है क्योंकि रत्न ही एकमात्र सरल साधन है जिसको पहनने से किसी को झिझक नहीं होती

लोग बिना किसी जानकारी बिना ज्योतिषीय सलाह के रत्न खरीद लेते हैं और उसको अपनी मर्जी के अनुसार या

अपनी सुविधा को देखते हुए उस रत्न को धारण कर लेते हैं जिसके चलते उन्हें बहुत सारी मुसीबतों का सामना

करना पड़ता हैं

 ऐसे ही लोग हमारे ज्योतिष शास्त्र के ऊपर अभद्र टिप्पणी करते हैं जो लोग हमारे हिंदू धर्म के ऊपर ज्योतिष

शास्त्र के ऊपर हमारी सनातन संस्कृति से ऊपर अभद्र टिप्पणी करते हैं ऐसे लोगों से हमें बचके रहना चाहिए

और हमें यह प्रयास करना चाहिए ऐसे लोगों को हम सही रास्ता दिखा सके

 चलिए अब हम आते हैं अपने विषय पर हमें रत्न का उचित परिणाम कब मिलता है? जब हम उस रत्न के विषय

 में बारीकी से समझेंगे किसी योग्य जानकार से सलाह  लेकर  उसकी बताई गई हर एक बात को  मानेंगे तो हमें

उस रत्न का अनुकूल परिणाम मिल जाएगा  आज हम आपको बताएंगे कौन से  रत्न  को  किस प्रकार धारण

करना चाहिए जानने के लिए कृपया यह लेख अंत तक पढ़े

कोई भी रत्न को धारण करने से पहले हमें और  रत्न को पहले कच्चे दूध में धोकर फिर  गंगा जल से  अच्छे से

स्नान कराकर  उसके अधिपति एवं अपने इष्ट देव का ध्यान करते हुए  उस ग्रह के मंत्रों का जाप करके और उस

 ग्रह से संबंधित दिन का चुनाव करके तब जाकर हमें रत्न धारण करना चाहिए
Gemstone according to planets|ग्रहों के रत्न धारण  विधि-ourbhakti
Gemstone

 ग्रहों के अनुसार से रत्न धारण करने की विधि Gemstone according to planets





  सूर्य  रत्नGemstone माणिक्य वार रविवार वजन 3 से 5 रत्ती का धातु सोना अंगुली अनामिका रिंग फिंगर धारण

 करने का समय सुबह 11:30 से 12:30 तक



चंद्र  मोती रत्न बार  सोमवार वजन 4 से लेकर  5 रत्ती धातु चांदी अंगुली कनिष्ठा लिटिल फिंगर धारण करने का

समय सायंकाल या तो पूर्णिमा की रात में



मंगल रत्न मूंगा वार मंगलवार वचन 5 रत्ती से लेकर 11 तक धातु सोना या तांबा अंगुली अनामिका रिंग फिंगर

सुबह 8:00 बजे से लेकर 1 बजे तक धारण करना चाहिए



बुध ग्रह वार बुधवार रत्न पन्ना वजन 4:00 से लेकर 7:00 रत्ती तक सोने की अंगूठी में कनिष्ठा उंगली लिटिल फिंगर

 में प्रातः काल 6:30 बजे से 9:00 बजे तक धारण करना चाहिए

बृहस्पति  गुरुवार रत्न पुखराज वजन 4 से लेकर 5 रत्ती तक सोने की धातु में तर्जनी उंगली में समय 12:30 बजे से

लेकर 2:00 बजे तक दिन या रात



शुक्र  वार शुक्रवार रत्न हीरा वजन एक से दो रत्ती तक धातु प्लैटिनम सोना उंगली अनामिका रिंग फिंगर समय

 प्रातः काल 9:00 से लेकर 10:30 बजे तक

शनि वार शनिवार रत्न नीलम वजन 3 से 5 रत्ती तक धातु सोना उंगली मध्यमा मिडिल फिंगर समय दिन के 1:00

बजे से लेकर 2:00 बजे तक और रात में 7:00 से 8:00 बजे तक



राहु वार बुधवार शनिवार इन दोनों बातों में राहु का रत्न धारण किया जा सकता है रत्न गोमेद वजन 4 से 7 रत्ती

तक धातु चांदी अंगुली मध्यमा मिडल फिंगर समय रात को 7:00 बजे से 9:30 बजे तक

केतु वार बुधवार रत्न Gemstoneगोमेद वजन 3 से 7 रत्ती धातु चांदी या सोना अंगुली कनिष्ठा लिटिल फिंगर

पहनने का समय रात को 7:00 बजे से 9:30 बजे तक।

हम आशा करते हैं आपको हमारी यह लेख अच्छी लगी होगी और हम उम्मीद करते हैं कि जब भी आप

रत्नGemstone को धारण करेंगे तो किसी  जानकार व्यक्ति से सुझाव लेकर ही करेंगे यदि आपको इस लेख से

 संबंधित कुछ कहना है या अपना सुझाव देना है तो नीचे कमेंट करें ।
                                                               धन्यवाद....|

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