Bhagwaan mujhe dukh kyu dete he. भगवान मुझे ही दुःख क्यों देते है?

Bhagwaan mujhe dukh kyu dete he. भगवान मुझे ही दुःख क्यों देते है?

भगवान मुझे ही इतना दुख क्यों देता है?


😣😣क्या में ही मिला भगवान को !जो पूरी दुनिया को छोड़कर मुझे ही दुख देता है!मैंने कौन सा बड़ा पाप कर दिया जो भगवान इतना दुख देरहा है!
हमारे मन मे यही प्रश्न बार बार आता है कि भगवान मुझे ही सबसे ज्यादा दुख क्यों  देराहा है।ऐसे ही बहुत सारे सवाल जब हमारे दिमाग मे आता है ,तब हम एकहि बात सोच ते है की ये दुनिया अच्छी नही है,ये दुनिया मेरे लिए नही बनि है सब स्वार्थी लोग भरे पड़े है। अब मुझे जीने की इच्छा नही है,

तुलसी से जुड़ी कुछ बाते।Tulsi se judi kuch bate तुलसी को हमारे धर्म मे बेहद पूजनीय माना जाता है

क्या भगवान का यही न्याय है? क्या इसी प्रकार से लोगों का इंसाफ करते है भगवान?

किसी भी प्रश्न या सवाल का हल हमे तब तक नही मिलता जब तक हम चिन्ता करते है,दुखी होते है, दूसरोंको कोसते है  तब तक हमे किसी भी प्रश्नों का उत्तर नही मिल सकता।
अगर हमें किसी भी प्रश्न का उत्तर चाहिये तो सबसे पहले अपने आप को शांत करना होगा अपने दिमाग से सारी नकारात्मक सोच को बाहर निकलना होगा तब हमें सारी बाते समज में आएंगी। रही बात भगवान के दुख देने की! तो इस प्रश्न का उत्तर कितना सरल है। जब हम सबसे ज्यादा खुश हुवा करते थे,जब हमारे जीवन में किसी चीज की कमी नही रहती है, हम औरो से ज्यादा सुखी रहते थे तब क्या आप ने किसी और को बुलाकर अपना सुख बाटा? तब क्या हमने किसी और को खुशी और सुख देने का प्रयास करते है? नही हमने ऐसा नही किया जब हम सबसे ज्यादा सुखी थे तब हमने किसी के साथ अपनी खुशया नहीं बाटी। शायद उस समय हमने भगवान को  याद नही किया होगा ।
dukh,bhagwaan,god,जब बारी दुख की आई तब हमने भगवान को याद किया उनसे शिकायत की! जब हमने ही सब कुछ किया है सुख भी हमने ही भोगा है सारी खुशियां भी हमने ही भोगा है तोआपका दुःख भोगने कोई दूसरा  व्यक्ति कैसे आ सकता है !दुख भी तो आपको ही भोगना पड़ेगा न😁😁😁😁 इंन्सान का स्वभाव ही कुछ ऐसा है कि सुख में किसी को याद नही करता ! और दुख में सबसे ज्यादा भगवान को याद करताहै ।
हम चाहे जितने भी बड़े क्यों न बन जाये इंसान को अपना वास्तविक  स्वभाव नही भूल ना चाहिये जो भगवान ने हर इंसान को दिया है। जब तक हमे दुःख का पता नही चलेगा तो हमे सुख का अनुभव  भी नही हो सकता हम जान ही नही सकते सुख कैसा होता है।

हिन्दू धर्म के प्रमुख पर्व।Hindu Dharma K Chaar Parva
   

 
                              धन्यबाद